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एक वक़्त था जब हमारे भारत को ‘सोनेकी चिड़िया’ कहा जाता था। हमारा जीडीपी २३ था जब की पूरी दुनिया का जीडीपी मात्रा २ ही था। पूरी दुनिया में भारत में उत्पादित हुए वस्तुओं का ही बोलबाला था। भारत देश सिर्फ समृद्ध ही नहीं था बल्कि एक सुसंस्कृत देश भी था। भारतवर्ष ने कभी भी किसी देश पे आक्रमण नहीं किया। लेकिन अनेक आक्रांता और लुटेरों की नजर हमारे भारत पर थी। एक एक करके उन्होंने अनेक आक्रमण कर भारतवर्ष पर कब्जा करनेका प्रयत्न किया। हमारे भारत का भाग्य की अनेक युगपुरुष और वीरो ने यहां जन्म लिया।

आचार्य चाणक्य ने यवनोंको देश से खदेड़ा और मौर्य सामराज्यकी नीव रखी। लेकिन, उसके बाद भी आक्रमण होते ही रहे। पृथ्वीराज चौहान और महाराणा प्रताप जैसे महान सपूतो ने सबका वीरतासे मुकाबला किया। देश के और एक महान सपूत छत्रपति शिवाजी महाराज ने अनेकों आक्रांताओं को हाराकर देश में स्वराज्य की स्थापना की। छत्रपति शिवाजी महाराज जानते थे कि भारतवर्ष को पुनर्जीवित करने के लिए भारतीय संस्कृति, कला और परंपरागत मूल्यों को जीवित करना होगा। उन्होंने अनेक लोगों के मन में देशप्रेम की भावना को पुनर्जीवित किया, इसके परिणाम स्वरूप उनके पश्चात भी उनके बेटे – धर्मवीर संभाजी महाराज और मराठा साम्राज्य ने इस लड़ाई को जारी रखा। पूरे भारतवर्ष स्वराज्य का विस्तार किया।

उस वक़्त जो इस देश में व्यापारी बनके आए, उन्होंने यहा के लोगो को अपनी चीजों और culture के आधीन कर, धीरे धीरे अर्थव्यवस्था को अपने कब्जे में कर लिया। इसका नतीजा यह हुआ कि भारत फिर एक बार गुलाम हुआ। अभी भी हमारी अर्थव्यवस्था अनेक बाहरी उत्पादनों पर निर्भर है। कहीं ना कहीं हम सब को ब्रांडिंग का शिकार बनाया जा रहा है। भारतवर्ष को अगर वापिस वहीं गतवैभव हासिल करना है तो जीडीपी को बढ़ाना ही होगा। जीडीपी तब बढ़ेगी जब हम स्वदेशी का अवलंब करेंगे। इससे भारतीय संस्कृति और कला को प्रेरणा मिलेगी।

भारत को पुनः विश्वगुरु बनना है तो आत्मनिर्भर बनना ही होगा । हर वो चीज, जो हम इस्तेमाल करते है वो भारतीय ही होनी होगी। चाणक्य नीति के अनुसार, ‘अर्थ’ ही किसी भी देश या राज्य की ताकत होती है, और वो ‘अर्थ ‘ देश और राज्य में उत्पादित वस्तु और चीजो पे कर के रूप में अर्जित किया जाता है। विश्वगुरु बनने के लिए भारत को आर्थिक रूप से सबल होना ही होगा। इसीलिए वहीं खरीदे जो ‘Made In India’ हो। इससे ‘Make In India’ को नई प्रेरणा मिलेगी और भारत पुनः विश्वगुरु बन पूरे जग का नेतृत्व करेगा।

जय मां भारती 🙏